इस वेब स्टोरी में हम जानेंगे कैसे बिहार का एक नौजवान "सचिन" ने सिर्फ 14 साल की आयु में रणजी ट्रॉफी में अपना डेब्यू किया, लेकिन उसकी यही आयु उसे विवादों में फंसा दी।

सचिन ने बचपन से ही क्रिकेट का दीवाना होना शुरू किया था और उसने बिहार के क्रिकेट सर्कल में अपनी पहचान बनाने का संकल्प किया।

बचपन से क्रिकेट का दीवाना

उसने सिर्फ 14 साल की आयु में रणजी ट्रॉफी में अपना डेब्यू किया, जिससे वह पूरे राज्य में मशहूर हो गया।

रणजी डेब्यू - सिर्फ 14 साल का

सचिन की यही छोटी आयु उसे विवादों में डाल दी, और इसके पीछे आये तमाम विवादों ने उसके करियर को छूने का प्रयास किया।

विवादों का सामना

विवाद का मुद्दा आयु सीमा और क्रिकेट में खेलकूद प्राधिकृत्य के चर्चे पर था।

आयु सीमा और खेलकूद प्राधिकृत्य

बिहार के क्रिकेट प्रेमियों ने सचिन के समर्थन में उतरकर उसे समर्थन दिया, जिन्होंने उसके साथीकरण की मांग की।

बिहार के समर्थन में उतरे लोग

सचिन ने इस कठिनाई का सामना करने का निर्णय किया है और खुद को एक उत्कृष्ट क्रिकेटर के रूप में साबित करने का इरादा किया है।

खुद को साबित करना

इस वेब स्टोरी के समापन में हम सचिन के उद्यम और उनकी कड़ी मेहनत की प्रशंसा करते हैं और उनके आगे के करियर के लिए शुभकामनाएं भेजते हैं।

समापन